व्यवसायिक
भवन निर्माण में एक नवम्बर से ऊर्जा संरक्षण भवन संहिता नियम अनिवार्य
बिजली
के बिल-खपत और ग्रीन हाऊस गैस उत्सर्जन में आयेगी कमी-
मंत्री श्री डंग
मंदसौर 22 जून 21/ नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री हरदीप सिंह डंग ने कहा कि तीव्र आर्थिक विकास, शहरीकरण और बढ़ती आबादी ने ऊर्जा आपूर्ति संसाधनों पर एक बड़ा दबाव डाला है। देश-प्रदेश में व्यवसायिक भवन, ऊर्जा के प्रमुख उपभोक्ता एवं ग्रीन हाऊस गैसों के सबसे बड़े उत्सर्जक बन रहे हैं। इसको देखते हुए राज्य शासन द्वारा भविष्य में निर्माण होने वाले व्यवसायिक भवनों में ऊर्जा दक्षता को प्रोत्साहित करने के लिए एक नवम्बर 2021 से "मध्यप्रदेश ऊर्जा संरक्षण भवन संहिता नियम" को अनिवार्य किया जा रहा है।
श्री डंग ने बताया कि मध्यप्रदेश ऊर्जा विकास निगम द्वारा प्रदेश की जलवायु,
परिस्थितियों और स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप वर्तमान ऊर्जा
संरक्षण भवन संहिता (ECBC) और ईसीबीसी नियमों में संशोधन कर
मध्यप्रदेश ऊर्जा संरक्षण भवन नियम संहिता (MP-ECBC) और
मध्यप्रदेश ऊर्जा संरक्षण भवन संहिता नियम (MP-ECBC Rules) बनाये
गये हैं। केन्द्रीय ऊर्जा दक्षता ब्यूरो ने व्यवसायिक भवनों के लिये 2017 में ऊर्जा संरक्षण भवन संहिता और वर्ष 2018 ऊर्जा
संरक्षण भवन संहिता नियम तैयार किये थे। एमपी-ईसीबीसी नियम के माध्यम से अनुपालन
संबंधित विधि की जानकारी प्राप्त हो सकेगी। नियम में व्यवसायिक भवनों के लिये
ऊर्जा प्रदर्शन मानकों को निर्धारित किया गया है। इनके अनुश्रवण से व्यवसायिक
भवनों ऊर्जा संरक्षण वर्तमान भवन की तुलना में बेहतर हो सकता है। व्यवसायिक भवन
जैसे होटल, शैक्षणिक संस्थान, स्वास्थ्य
संस्थान, शॉपिंग सेन्टर्स, वाणिज्यिक-व्यापारिक
उपयोग भवन हवाई अड्डा, रेलवे-बस स्टेशन, मनोरंजन, सामाजिक, धार्मिक
उद्देश्य के ऐसे भवन जहाँ बड़ी संख्या में लोग एकत्रित होते हैं, दायरे में आयेंगे। यदि कोई आवेदक एक नवम्बर, 2021 के
बाद व्यवसायिक भवन या ऐसे भवनों का निर्माण करना चाहता है, जिनका
संयोजित विद्युत भार 100 किलोवाट या उससे अधिक होने की
संभावना है या विद्युत मांग 120 केवीए या उससे अधिक होने की
संभावना है तो आवेदक को कई बिन्दु सुनिश्चित करने होंगे।
यह
बिन्दु होंगे सुनिश्चित
आवेदक को ऊर्जा लेखा परीक्षक-भवन को या मध्यप्रदेश ऊर्जा विकास निगम
द्वारा नामित विशेषज्ञ की नियुक्ति, बिल्डिंग डिजाइन में
मध्यप्रदेश ऊर्जा संरक्षण भवन संहिता नियम का अनिवार्य रूप से पालन और ऊर्जा
निष्पादन सूचकांक अनुपात एक या उससे कम सुनिश्चित करना होगा। आवेदक को 'ऊर्जा लेखा परीक्षक-भवन' द्वारा विधिवत हस्ताक्षरित
"एमपीईसीबीसी" प्रमाण-पत्र प्राप्त कर बिल्डिंग प्लान एप्रुवल के समय
एमपीईसीबी फार्म को संलग्न करना होगा। बिल्डिंग प्लान पर नगर निगम, नगर पालिका, ग्राम पंचायत या अन्य द्वारा अनुमोदन
किये जाने पर 'विशिष्ट भवन पहचान संकेत (युनिक बिल्डिंग
आइडेंटिफिकेशन कोड)' प्रति प्राप्त करनी होगी।
ऊर्जा
लेखा परीक्षक करेंगे ऑडिट
निर्माण कार्य के समय ऊर्जा लेखा परीक्षक, भवन
समय-समय पर निरीक्षण कर निर्माण कार्य मध्यप्रदेश ऊर्जा संरक्षण भवन संहिता के
अनुसार होना सुनिश्चित करेंगे। संहिता से विपरीत निर्माण कार्य होने पर मध्यप्रदेश
ऊर्जा संरक्षण भवन संहिता तकनीकी शिकायत निवारण समिति को उचित कार्यवाही हेतु
सूचित किया जायेगा।
विशिष्ट
भवन पहचान संकेत
निर्माण कार्य के बाद आवेदक को विद्युत विभाग से स्थायी विद्युत कनेक्शन
प्राप्त करने के लिये आवेदन के साथ विशिष्ट भवन पहचान संकेत की प्रति संलग्न करना
अनिवार्य होगी। विशिष्ट भवन पहचान संकेत की प्रति नहीं देने पर स्थायी विद्युत
कनेक्शन नहीं मिलेगा। विशिष्ट भवन पहचान संकेत की प्रति अधिकारिता के प्राधिकारी
जैसे - नगर निगम, नगर पालिक, ग्राम
पंचायत व अन्य द्वारा अनुमोदन किये जाने पर ही उपलब्ध होगी।
आवेदक को भवन की ऊर्जा निष्पादन सूचकांक अनुपात को 'एक' या कम रखनी होगी। इसकी गणना इस प्रकार होगी। प्रस्तावित भवन ऊर्जा निष्पादन सूचकांक को मानक भवन के ऊर्जा निष्पादन सूचकांक से अनुपात कर मूल्यांकन करना होगा। सूचकांक वार्षिक ऊर्जा खपत किलो-वाट-घण्टे को बिल्ट-अप एरिया से अनुपात कर किया जा सकता है। प्रस्तावित भवन ऊर्जा निष्पादन का अनुपात मानक भवन ऊर्जा निष्पादन सूचकांक से कर आवेदक उसका मूल्यांकन एक या उससे कम सुनिश्चित करेगा। ऊर्जा निष्पादन सूचकांक अनुपात मॉनीटरिंग मध्यप्रदेश ऊर्जा विकास निगम द्वारा विद्युत विभाग की सहायता से की जायेगी। आवेदक द्वारा शिकायत होने पर ऊर्जा संरक्षण भवन संहिता कार्यान्वयन समिति द्वारा निराकरण किया जायेगा। एमपीईसीबीसी नियम के अनुपालन से भवन बनाने वाले आर्किटेक्ट और इंजीनियर को भी कलात्मक और तकनीकी स्वतंत्रता मिल सकेगी।
आयुष विभाग द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर करवाया योग
मंदसौर 22 जून 21/ डॉ. नीलम कटारा जिला आयुष अधिकारी द्वारा बताया गया कि अंतराष्ट्रीय योग दिवस के पर आयुष विभाग द्वारा जिले में संचालित आयुर्वेद चिकित्सालय एवं 38 आयुष औषधालय(आयु./होम्यो.) औषधालाय ,वैलनेस सेंटर एवं ग्राम पंचायत पर covid प्रोटोकॉल के साथ योगाभ्यास किया गया। जिसमें ग्रामीणजन ,सरपंच सचिव आदि ने भी शामिल होकर लगभग 600 लोगो ने योग का लाभ लिया । ऑनलाइन योग वेदा योग सेंटर के संचालक श्री महेश कुमावत द्वारा करवाया गया। जिसमें नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा तथा पर्यावरण विभाग के मंत्री श्री हरदीप सिंह डंग, जिला पंचायत अध्यक्षा श्रीमति प्रियंका मुकेश गिरी गोस्वामी एवं कर्मचारी द्वारा योग किया गया।
कलेक्टर
श्री पुष्प ने आदिम जाति कल्याण विभाग का प्रभार संयुक्त कलेक्टर श्री रणजीत
कुमार को प्रदान किया
मंदसौर 22 जून 21/ कलेक्टर श्री मनोज पुष्प द्वारा जिला संयोजक अनुसूचित जाति कल्याण विभाग मंदसौर एवं पिछड़ा वर्ग तथा अल्पसंख्यक कल्याण विभाग मंदसौर का प्रभार एवं आहरण संवितरण अधिकारी का कार्य संयुक्त कलेक्टर श्री रणजीत कुमार को सौंपा गया।
कलेक्टर श्री पुष्प ने एक आदतन
अपराधी को किया जिलाबदर
मंदसौर 22 जून 21/ कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट श्री मनोज पुष्प द्वारा म.प्र.राज्य लोक शांति एवं सुरक्षा की दृष्टि से सुरक्षा अधिनियम 1990 की धारा 5(क)(ख) के तहत एक आदतन अपरधी प्रदीप पिता अनिल बरगुण्डा निवासी बरगुण्डा मोहल्ला खानपुरा मंदसौर को जिला बदर करने का आदेश जारी किया है। कलेक्टर श्री मनोज पुष्प ने आदेशित किया है, कि ये जिला बदर अवधि में मंदसौर जिले की राजस्व सीमा के साथ ही नीमच, रतलाम, उज्जैन, आगर मालवा एवं शाजापुर जिले की राजस्व सीमा में बगैर अनुमति के प्रवेश नहीं कर सकेगे।
4 लोगों ने जीती कोरोना से
जंग, एक्टिव केस मात्र 13
मंदसौर 22 जून 21/ जिले में कोरोना संक्रमण से
ग्रसित मरीज लगातार कम होते जा रहे हैं। इसी बीच 4 मरीजों ने
कोरोनावायरस से जंग जीती। अब जिले में एक्टिव केस मात्र 13
ही रह गए हैं। जिला मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा बताया गया कि
जिले में स्थापित कोरोनावायरस पर दिनोंदिन कोरोना से संबंधित शिकायतें प्राप्त हो
रही है। यह कंट्रोल रूम 24 घंटे, सातों
दिन सक्रिय हैं। अगर किसी प्रकार की समस्या हो तो कोरोना कंट्रोल रूम नम्बर 07422-255596,
07422-255203, 07422-255033 व व्हाट्सएप न. 8889788304 पर संपर्क कर सकते हैं।
कोरोना जैसी महामारी से डरने की आवश्यकता नहीं है, जबकि इस महामारी से सावधानी रखने की आवश्यकता है। अगर हम सब कोरोना के नियम का पालन करें तो कोरोना जैसी विकराल महामारी हम जैसे लोगों से डर सकती हैं, इसी तरह का उदाहरण आज जिले में देखने को मिला जिला अस्पताल में से 4 मरीजों ने कोरोना पर जंग हासिल की तथा स्वस्थ होकर सकुशल घर लौटे।
मत्स्यपालन
हेतु पट्टे के लिए 28 जून तक करें आवेदन
मंदसौर 22 जून 21/ मुख्य कार्यपाल अधिकारी जनपद पंचायत सीतामऊ द्वारा बताया गया कि लदुना तालाब में मत्स्यपालन के लिए 10 वर्ष एवं औसत जल क्षैत्र 76.26 हेक्टर में पट्ट्रे दिये जाएगे। जिसके लिए 28 जून 2021 तक आवेदन कार्यालयीन समय में जनपद पंचायत सीतामऊ में प्रस्तुत कर सकते है। अधिक जानकारी के लिए जनपद पंचायत सीतामऊ सम्पर्क कर सकते है।
आवश्यक रखरखाव के कारण आज विद्युत
प्रदाय बंद रहेगा
मंदसौर 22 जून 21/ कार्यपालन यंत्री श्री प्रेम पालीवाल द्वारा बताया गया कि आवश्यक रखरखाव के कारण 11 केव्ही लाभ मुनि और अलावदाखेड़ी फीडर के अंतर्गत 23 जून को 9 बजे से 1 बजे तक कुल 4 घंटे का विद्युत प्रदाय बंद रहेगा। जिसके अंतर्गत लाभमुनि हॉस्पिटल, कृषि महाविद्यालय, मुफादनगर, टोड़ी, बाहदरी, अलावदाखेड़ी एवं मोहम्दपुरा गांव प्रभावित रहेगें।
जिले में 21 जून सोमवार को लक्ष्य से
अधिक 31 हजार 585 हुआ वैक्सीनेशन
मंदसौर 22 जून 21/ कोविड-19 महाअभियान के लिए जिले में 1 दिन में 25 हजार कोविड वैक्सीन लगाने का लक्ष्य प्रदान किया गया था। लेकिन जिले में प्रशासन के विशेष प्रयास, प्रचार प्रसार तथा सोशल मीडिया का बेहतरीन इस्तेमाल करने की वजह से लक्ष्य से अधिक 31 हजार 585 वैक्सीन लगाए गए। इस कार्य में लोगों ने भी बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया तथा वैक्सीनेशन सेंटर पर वैक्सीन लगाने के लिए दिन में लंबी-लंबी कतारें देखने को मिली।
वैक्सीनेशन
महाअभियान के पहले दिन देश में सर्वाधिक 15
लाख टीके मध्यप्रदेश में लगाए गए
प्रदेश
के प्रत्येक नागरिक को कोरोना संक्रमण से सुरक्षित करना हमारा संकल्प
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने शासकीय अमले सहित समाज के सभी वर्गों तथा
जनता का आभार माना
5 लाख अतिरिक्त डोज़ के लिए प्रधानमंत्री श्री मोदी को दिया धन्यवाद
मंदसौर 22 जून 21/ मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि वैक्सीनेशन
के माध्यम से प्रदेश के प्रत्येक नागरिक को कोरोना संक्रमण से सुरक्षित करना हमारा
संकल्प है तथा इसे हम शीघ्र पूर्ण कर लेंगे। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के
नेतृत्व में पूरे देश में चलाए जा रहे वैक्सीनेशन महाअभियान के अंतर्गत पहले दिन
देश में सर्वाधिक 15 लाख टीके लगाए जाने
का कार्य मध्यप्रदेश ने कर दिखाया है। यह मध्यप्रदेश के जनभागीदारी मॉडल की जीत है,
जिसके द्वारा मध्यप्रदेश में कोरोना की दूसरी लहर को प्रभावी ढंग से
नियंत्रित किया गया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि इस अद्भुत एवं पुनीत कार्य
के लिए प्रदेश के शासकीय अमले सहित जनप्रतिनिधि, सामाजिक
कार्यकर्ता, धर्मगुरू, पत्रकार,
कलाकार, साहित्यकार, एडवोकेट,
खिलाड़ी तथा सभी वर्ग के व्यक्ति जिन्होंने टीकाकरण अभियान में
प्रत्यक्ष अथवा परोक्ष सहयोग किया है, बधाई के पात्र हैं।
मैं सभी का हृदय से आभार व्यक्त करता हूँ तथा आशा करता हूँ कि आगे भी इसी उत्साह
के साथ आप सब लोगों का जीवन बचाने के इस पवित्र कार्य में सक्रिय रूप से सहयोग
देते रहेंगे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि मध्यप्रदेश में टीकाकरण महाअभियान के
प्रथम दिन 10 लाख लोगों को टीका लगाने का लक्ष्य निर्धारित
किया गया था। मध्यप्रदेश की क्षमताओं को देखते हुए प्रदेश को 5 लाख अतिरिक्त डोज़ केन्द्र सरकार द्वारा भिजवाए गए। इसके लिए 'मैं प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को धन्यवाद देता हूँ'। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज शाम राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कार्यालय में
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के सभी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य
अधिकारियों तथा जिला टीकाकरण अधिकारियों के साथ अभियान की समीक्षा कर रहे थे। इस
अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री श्री प्रभुराम चौधरी, अपर मुख्य
सचिव स्वास्थ्य श्री मोहम्मद सुलेमान, स्वास्थ्य आयुक्त श्री
आकाश त्रिपाठी, जनसंपर्क आयुक्त श्री सुदाम खाड़े आदि उपस्थित
थे।
निरंतर चलेगा यह अभियान
मुख्यमंत्री श्री चौहान
ने कहा कि टीकाकरण अभियान जिन्दगी बचाने का अभियान है। इससे पवित्र कार्य दूसरा
नहीं हो सकता। सभी व्यक्तियों का टीकाकरण हो जाने तक यह अभियान पूरी शक्ति और
ऊर्जा के साथ चलाया जाएगा। इसके साथ ही बीच-बीच में विशेष अभियान भी चलाए जाएंगे।
आगामी 1, 2 एवं 3 जुलाई को टीकाकरण का
विशेष अभियान चलाया जाएगा। हम संपूर्ण टीकाकरण के लक्ष्य को शीघ्र हासिल करेंगे।
अब टीकाकरण को लेकर कोई भ्रम नहीं
मुख्यमंत्री श्री चौहान
ने कहा कि आज जिस प्रकार पूरे उत्साह के साथ प्रदेश के हर हिस्से में लोगों ने
टीकाकरण करवाया है उससे यह स्पष्ट होता है कि अब टीकाकरण को लेकर जनता के मन में
कोई भ्रम नहीं है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि 'मैं
स्वयं आज दतिया जिले के अनुसूचित जाति बाहुल्य ग्राम परासरी तथा सीहोर जिले के
अनुसूचित जनजाति बाहुल्य ग्राम सिराली भी गया। इन दोनों ही स्थानों पर लोगों ने
पूरे उत्साह के साथ टीकाकरण करवाया'।
सभी विद्यार्थी स्वयंसेवक बन जाएं
मुख्यमंत्री श्री चौहान
ने कहा कि संपूर्ण टीकाकरण के लक्ष्य को जल्दी से जल्दी हासिल करने के लिए सभी
विद्यार्थी स्वयंसेवक बन जाएं तथा पूरे उत्साह के साथ लोगों को टीकाकरण के लिए
प्रेरित करें तथा इस कार्य में उनकी मदद भी करें।
कोरोना के असर को नगण्य कर देंगे
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि टीकाकरण एवं कोविड अनुकूल व्यवहार दो ऐसे अस्त्र हैं, जिनके माध्यम से हम मध्यप्रदेश में तीसरी लहर के असर को नगण्य कर देंगे। हमारा यह प्रयास रहेगा कि पहले तो कोई संक्रमित हो ही नहीं, यदि संक्रमित होता है तो उसे अस्पताल न जाना पड़े, वह घर पर ही स्वस्थ हो जाए और यदि अस्पताल जाना भी पड़े तो शीघ्र ठीक हो जाए। दूसरी तरफ अस्पतालों में पूरी व्यवस्थाएँ की जा रही हैं, जिससे कि तुरंत मरीज स्वस्थ हो सकें।
मध्यप्रदेश
ने एक दिन में वैक्सीनेशन का नया रिकार्ड बनाया
जीवन
सुरक्षा के महाअभियान को जन-भागीदारी से मिली अपार सफलता: मुख्यमंत्री श्री चौहान
उत्साहपूर्ण वातावरण में हुआ टीकाकरण महाअभियान
निर्धारित लक्ष्य से मिली अधिक सफलता
मंदसौर 22 जून 21/ मध्यप्रदेश में आज सभी जिलों में एक साथ टीकाकरण
महाअभियान उत्साहपूर्ण वातावरण में शुरू हुआ। मुख्यमंत्री
श्री शिवराज सिंह चौहान ने दतिया जिले में माँ पीताम्बरा के दर्शन कर ग्राम परासरी
में टीकाकरण महाअभियान का शुभारंभ किया और आमजन से वैक्सीन लगवाने की अपील की।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने इस मौके पर आमजन
को वैक्सीन के लिये प्रेरित कर शपथ भी दिलवाई। मुख्यमंत्री श्री चौहान के लगातार
प्रयासों और प्रदेश के जन-भागीदारी मॉडल को अपना कर टीकाकरण महाअभियान को अपार
सफलता मिली। महाअभियान के पहले दिन वैक्सीनेशन के निर्धारित लक्ष्य से अधिक सफलता
अर्जित हुई। एक दिन में 15 लाख से ज्यादा लोगों ने
वैक्सीन लगाकर देश में अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया है। यह
आज देश में हुए कुल टीकाकरण का लगभग 20 प्रतिशत है।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन
और उनके द्वारा राज्यों को नि:शुल्क वैक्सीन देने के निर्णय से टीकाकरण महाअभियान
सफल हुआ है। वैक्सीनेशन के मामले मे मध्यप्रदेश अन्य राज्यों से अव्वल रहा है। सभी
को धन्यवाद।
मुख्यमंत्री श्री चौहान
भी बने प्रेरक
मुख्यमंत्री श्री
शिवराज सिंह चौहान ने दतिया जिले के ग्राम परासरी, भोपाल के
अन्नानगर और सिहोर जिले के पिपलानी गाँव में टीकाकरण महाअभियान का आगाज करते हुए
कहा कि कोरोना संक्रमण से प्रदेशवासियों को पूरी तरह से सुरक्षित करने के लिये यह
महाअभियान चलाया गया है। उन्होंने कहा कि वैश्विक महामारी कोविड-19 को हराने और सभी को सुरक्षित करने के लिये वैक्सीन रामबाण है। सभी लोगों
को वैक्सीन लगे, इसके लिये समाज के सभी वर्गों को इस
महाअभियान से जोड़ा गया है। सभी के प्रयासों से वैक्सीनेशन के जो आंकड़े सामने आ रहे
हैं वह काफी उत्साहजनक हैं। इसकी सफलता के पीछे सभी वर्गों का सहयोग शामिल है,
जिन्होंने प्रेरक बनकर महाअभियान में भागीदारी सुनिश्चित की।
कोरोना अभी गया नहीं है
सजग रहे
मुख्यमंत्री श्री चौहान
ने कहा कि कोरोना अभी गया नहीं है, अत: सतर्कता और सजगता
निरन्तर बनाये रखे। कोरोना रूपी संकट ने पूरी दुनिया को हिला कर रख दिया है। हमारी
प्राथमिकता कोरोना पर विजय प्राप्त करना है। कोरोना बहरूपिया है, जो अपना रूप बदलता रहता है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि हमने कोरोना
काल में अपनों को खोया है, इसलिये हमारा सभी का यह प्रयास
होना चाहिए कि ऐसा समय दोबारा न आये। सभी लोग वैक्सीन लगवा कर कोरोना संक्रमण से
सुरक्षित हो।
टीकाकरण केन्द्रों पर
उत्सव जैसा माहौल
मुख्यमंत्री श्री
चौहान ने कहा कि टीकाकरण महाअभियान में 10 लाख लोगों को
वैक्सीनेट करने का लक्ष्य रखा गया था। निर्धारित लक्ष्य प्राप्त करने के लिये
प्रदेश के 52 जिलों में 7000 टीकाकरण केन्द्र बनाये गये हैं। सभी केन्द्रों पर उत्सव जैसा माहौल बनाया
जाकर टीका लगवाने आये व्यक्ति का स्वागत भी किया गया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने
कहा कि मानव जीवन की सुरक्षा के लिये सभी लोग स्व-प्रेरणा से आगे आये और महाअभियान
में अपनी भागीदारी सुनिश्चित की। मुख्यमंत्री ने जन-प्रतिनिधियों सहित विभिन्न
सामाजिक संस्थाओं के प्रमुखों, धर्मगुरूओं, साहित्यकारों, बुद्धिजीवियों और गणमान्य नागरिकों का
धन्यवाद भी ज्ञापित किया, जिनके प्रयासों ने वैक्सीनेशन
कार्य को गति प्रदान की।
स्वागत कर दिलवाई शपथ
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने टीकाकरण महाअभियान में वैक्सीन सेंटर पर आये लोगों को प्रेरक बनने की शपथ भी दिलवाई। साथ ही अभियान में प्रेरक की सक्रिय भूमिका निभाने वाले बाल प्रेरकों को सम्मानित भी किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि टीकाकरण अभियान अभी जारी रहेगा, जिन लोगों ने आज वैक्सीन का सुरक्षा कवच लिया है ऐसे सभी लोग अपने-अपने क्षेत्र में टीकाकरण के लिये प्रेरक बने। हमारा लक्ष्य है कि प्रदेश के सभी लोगों को निर्धारित अवधि में वैक्सीनेट कर प्रदेश को कोरोना मुक्त बनायें।
बुजुर्गों और
दिव्यांगों के लिए विशेष व्यवस्था
मुख्यमंत्री श्री चौहान
ने कहा कि टीकाकरण महाअभियान में लक्षित समूह को वैक्सीन लगाने की सभी केन्द्रों
पर माकूल व्यवस्थायें की गई हैं। इसके साथ ही विशेष रूप से बुजुर्गों और
दिव्यांगों के लिये स्थानीय प्रशासन द्वारा केन्द्र पर लाने और ले जाने के लिए
वाहन की व्यवस्था भी की गई। प्रशासन से मिले सहयोग के साथ बुजुर्ग और दिव्यांग
जनों ने वैक्सीनेशन के प्रति जागरूक होकर कोरोना संक्रमण से बचाव के लिये वैक्सीन
लगवाई है। अनेक क्षेत्रों में बुजुर्गों और दिव्यांग जनों
ने प्रेरक की भूमिका अदा कर लोगों को वैक्सीन लगवाने के लिये प्रेरित भी किया।
सम्पूर्ण प्रदेश में टीकाकरण महाअभियान में जो सकारात्मक वातावरण निर्मित हुआ है, उसमें समाज के विभिन्न वर्गों की भागीदारी अहम रही है।
प्रति घंटा दोगुनी होती
रही वैक्सीनेशन संख्या
मुख्यमंत्री श्री चौहान
ने बताया कि टीकाकरण महाअभियान के प्रति सभी लोगों ने वैक्सीनेशन के लिये जो जोश
दिखाया, उससे प्रति घंटे वैक्सीनेशन की रिपोर्ट दोगुनी होती
रही। सुबह 10 बजे तक 60 हजार, प्रात: 11 बजे तक एक लाख 75 हजार,
दोपहर 12 बजे तक 3 लाख 37
हजार, दोपहर 1 बजे 5
लाख 21 हजार, दोपहर 2
बजे 7 लाख 10 हजार,
दोपहर 3 बजे 8 लाख और
शाम 5 बजे तक 12 लाख 12 हजार लोगों ने वैक्सीन लगवा ली। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि
वैक्सीनेशन के यह आंकड़े साबित कर रहे हैं कि प्रदेश की जनता कोरोना की तीसरी लहर
से लड़ने को तैयार हो गई है।
प्रत्येक केन्द्र पर
प्रेरक
टीकाकरण महाअभियान को
सफल बनाने के लिये स्थापित किये गये वैक्सीन सेंटर्स पर माकूल व्यवस्थाओं के साथ
प्रत्येक केन्द्र पर एक प्रेरक नियुक्त किया गया। स्वयं मुख्यमंत्री सहित
मंत्रि-परिषद के सदस्य, सांसद, विधायक,
नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्र के जन-प्रतिनिधि, क्राइसिस
मैनेजमेंट ग्रुप के सदस्य सहित धर्मगुरू, सामाजिक कार्यकर्ता
सहित विभिन्न वर्गों के प्रबुद्ध नागरिकों ने प्रेरक की भूमिका निभाई।
हस्तियों ने बढ़-चढ़ कर किया सहयोग
मुख्यमंत्री श्री चौहान
के आव्हान पर प्रदेश की विभिन्न क्षेत्रों की हस्तियों ने भी टीकाकरण महाअभियान मे
बढ़-चढ़ कर भाग लिया। इसमें नोबल पुरस्कार विजेता श्री कैलाश सत्यार्थी सहित खेल,
साहित्य, कला, संगीत,
शिक्षा, कवि, अभिनेता और
विभिन्न धर्मों के गुरूओं ने भी वैक्सीनेशन के लिये सोशल मीडिया पर अपील जारी की।
साथ ही वैक्सीनेशन सेंटर्स पर प्रेरक की भूमिका भी निभाई।
मीडिया ने निभाई सक्रिय
भूमिका
टीकाकरण महाअभियान के
संदेश को जन-जन तक पहुँचाने और लोगों को वैक्सीन के प्रति जागरूक करने के लिये
मीडिया प्रतिनिधियों ने भी सक्रिय भूमिका निभाई।
क्राइसिस मैनेजमेंट
कमेटियों का सहयोग
कोरोना संक्रमण की
दूसरी लहर को रोकने के लिये प्रदेश में बनाई गई जिला, ब्लाक
एवं ग्राम और वार्ड स्तरीय क्राइसिस मैनेजमेंट कमेटियों के सदस्यों ने भी
महाअभियान में सक्रिय भूमिका निभाई। समिति के सदस्यों ने शहरी एवं ग्रामीण
क्षेत्रों में जन-जागरूकता का काम करते हुए टीकाकरण केन्द्रों पर प्रेरक की भूमिका
का निर्वहन भी किया।
जनता में दिखा अपार
उत्साह
टीकाकरण महाअभियान में
जनता में अपार उत्साह देखने को मिला। सभी टीकाकरण केन्द्रों पर लोगों ने कोरोना
वैक्सीन लगवाने में काफी उत्साह के साथ भाग लिया। वैक्सीन लगवाने के बाद वे स्वयं
प्रेरक बन कर लोगों को प्रेरित करने लगे।
निरंतर जारी रहेगा
अभियान
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि कोरोना की तीसरी लहर से प्रदेशवासियों को बचाने के लिये टीकाकरण महाअभियान चलाया गया है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने नि:शुल्क वैक्सीनेशन की जो व्यवस्था की है, उससे न केवल मध्यप्रदेश बल्कि पूरा राष्ट्र कोरोना संक्रमण से बच सकेगा। टीकाकरण महाअभियान 21 जून के बाद भी निरंतर चलेगा। जिन स्थानों पर वैक्सीनेशन पूरा हो जाएगा वहाँ से वैक्सीनेशन सेंटर अन्य स्थानों पर स्थानांतरित किया जाएगा। कोरोना के प्रति जन-जागरूकता पैदा करने के लिये पंजीबद्ध एक लाख से अधिक कोरोना वॉलेंटियर्स महाअभियान में सक्रिय भूमिका निभाएंगे। एक जुलाई को पुन: तीन दिवसीय वैक्सीनेशन अभियान चलेगा। इसमें आमजन को प्रेरित करने के लिए 'जागरूक यात्राएँ' निकाली जाएगी।
टीकाकरण महा अभियान में ओ डी आई सी टी आई प्रोजेक्ट द्वारा टीकाकरण
के लिए सहयोग किया गया
टीकाकरण
महा अभियान में ओ डी आई सी टी आई प्रोजेक्ट द्वारा टीकाकरण के लिए सहयोग किया गया 21 जून 2021 को
महा टीकाकरण अभियान में होंप सोसाइटी औ डी आई सी टीआई प्रोजेक्ट मंदसौर द्वारा
चंद्रपुरा पशुपतिनाथ सभागृह एवं
गनेड़ीवाल धर्मशाला में मध्यप्रदेश शासन द्वारा सबको वैक्सीन मुक्त वैक्सीन की
परिकल्पना को साकार करने के उद्देश्य से प्रदेश में वैक्सीनेशन महा अभियान में
संस्था होप सोसाइटी ओ डी आई सी टी आई प्रोजेक्ट के स्टाफ द्वारा टीकाकरण अभियान
में सहयोग दिया गया तथा अधिक से अधिक लोगों को टीकाकरण करने हेतु प्रेरित किया गया
इस टीकाकरण अभियान में पटवारी अरुण गोड पूर्व पार्षद श्रीमती संगीता शैलेंद्र
गोस्वामी होप सोसायटी ओडीआई सी टीआई प्रोजेक्ट मंदसौर सेंटर इंचार्ज श्री शैलेंद्र
सिंह भाटी ओआरडब्ल्यू फारुख हुसैन नितिन सोनी सुनील जटिया एएनएम श्रीमती सीता सोनगरा श्रीमती ललिता
सांवरिया श्रीमती बबीता
नोनवाल प्रतिज्ञा
परिसार उपस्थित
रहे
केसरिया हिन्दू वाहिनी ने दिया ज्ञापन
उड़ीसा में प्रदेश अध्यक्ष हमले निंदा करते हुए दोषियों पर की
कार्यवाही की मांग
मन्दसौर। केसरिया हिन्दू वाहिनी जिला मंदसौर द्वारा 22 जून को मुख्यमंत्री
श्री शिवराजसिंह चौहान के नाम एक ज्ञापन अपर कलेक्टर श्री बी.पी.सिंह को सौंपकर
उड़ीसा के जिला बलांगीर में केसरिया हिन्दू वाहिनी के प्रदेश अध्यक्ष और
पदाधिकारियों के ऊपर हुए हमले की कड़ी निंदा करते हुए हमला करने वाले गौ तस्करों पर
कड़ी कार्यवाही की मांग की।
ज्ञापन में कहा गया कि उड़ीसा में केसरिया हिन्दू वाहिनी के प्रदेश
अध्यक्ष एवं उनके साथियों पर गत दिनों कुछ गौतस्करों द्वारा बलागीर जिले में
जानलेवा हमला किया था परन्तु आज तक वहां के पुलिस प्रशासन द्वारा कोई ठोस
कार्यवाही नहीं की गई है। प्रदेश के मुख्यमंत्री के माध्यम उड़ीसा सरकार के
मुख्यमंत्री से मांग की गई कि इस मामले में तत्काल कार्यवाही कर दोषियों को कड़ी से
कड़ी सजा दी जाये।
इस अवसर पर केसरिया
हिन्दू वाहिनी के प्रदेश प्रभारी घनश्याम सोनी, जिलाध्यक्ष पं. अभिषेक गोस्वामी, कपिल व्यास, राहुल सेन, बलराम जोशी, नरेन्द्र दायमा आदि
उपस्थित थे।




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